कोरोना तीसरी लहर से बचाव के लिए जिले की तैयारियों की समीक्षा की……..

Estimated read time 1 min read

राजस्व एवं पुलिस प्रशासन को समन्वय कर मास्क चेकिंग, कांटेक्ट ट्रेसिंग और टेस्टिंग-सैंपलिंग बढ़ाने के निर्देश

Baikunthpur @ Tahkikat News

कलेक्टर कोरिया श्याम धावड़े के मार्गदर्शन में कोविड 19 की तीसरी लहर से बचाव के लिए जिले में प्रशानिक टीम द्वारा अलर्ट होकर तैयारियां शुरू कर दी गई है। कलेक्टर ने आज स्वास्थ्य विभाग की बैठक लेकर कोविड सुरक्षा के संबंध में जिले में उपलब्ध संसाधनों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने प्रतिदिन कोविड टेस्टिंग के लक्ष्य बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कोरोना टेस्टिंग की संख्या बढ़ाएं और कांटेक्ट ट्रेसिंग में सक्रियता लाएं। कोविड सुरक्षा के उपाय मास्क पहनना, हाथों को बार-बार धोना, सैनिटाइज करने के प्रति लोगों को फिर जागरूक करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि अब त्योहारों के सीजन में अधिक सावधानी और सतर्कता बरतने की ज़रूरत है। उन्होंने सभी एसडीएम और सीएमओ को पुलिस विभाग के साथ समन्वय कर बाज़ार का निरीक्षण एवं मास्क चेकिंग शुरू करने के निर्देश दिए।


सीएमएचओ डॉ रामेश्वर शर्मा ने बताया कि आरबीएसके की टीम को सभी ब्लॉक में फिर से सक्रिय किया गया है। इनके द्वारा प्रतिदिन 100 से अधिक सैंपलिंग की जाएगी एवं सभी विकासखण्डों में एक-एक टेक्नीशियन सैंपलिंग के लिए पदस्थापित किए जाएंगे। सभी ग्रामों या वार्डाे में 2 या 3 से अधिक पॉजिटिव केस आने पर मैक्रोकंटेन्मेंट जोन बनाए जाएंगे। जिले या राज्य के बाहर से आए व्यक्तियों को कोविड 19 के तहत होम क्वारेंटाइन कर सैंपलिंग किया जाएगा। कॉन्टेक्ट ट्रैकिंग व सैंपलिंग को बढ़ाया जाएगा एवं स्कूलों में लक्षणात्मक बच्चों की भी टेस्टिंग की जाएगी। अस्पतालों आने वाले सर्दी, खांसी, बुखार के मरीजो की अनिवार्य रूप से टेस्टिंग की जाएगी। रेल्वे स्टेशन, बस स्टेशन एवं जिले के बॉर्डर पर आने वाले लोगों की भी अनिवार्य रूप से टेस्टिंग शुरू की जाएगी। बैठक में सीईओ जिला पंचायत कुणाल दुदावत, सीएमएचओ डॉ रामेश्वर शर्मा, डीपीएम रंजना पैंकरा सहित सभी बीएमओ एवं बीपीएम उपस्थित रहे।

कलेक्टर ने उप स्वास्थ्य केंद्रों में संस्थागत प्रसव के लिए आवश्यक संसाधनों की ली जानकारी-


कलेक्टर श्री धावड़े ने बैठक में उपस्थित बीएमओ एवं बीपीएम से उनके विकासखण्ड अंतर्गत उपस्वास्थ्य केंद्रों में संस्थागत प्रसव के लिए आवश्यक संसाधनों की जानकारी ली। वर्तमान में 120 उपस्वास्थ्य केंद्रों में संस्थागत प्रसव कराया जा रहा है। सुदूर वनांचलों में भी कलेक्टर श्री धावड़े के प्रयास से यह सुविधा जनता को मिलने लगी है। जो निश्चित ही जिले में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी लाएगी। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में दवाइयों की उपलब्धता की भी जानकारी ली।

जिले में अब तक 5 लाख 24 हज़ार टीकाकरण, 4 एक्टिव केस-


जिले में 1 नवंबर की स्थिति में कुल 4 एक्टिव केस हैं जिन्हें होम आइसोलेशन में रखा गया है। कुल 5 लाख 24 हजार 706 टीकाकरण पूर्ण किया गया है। सभी आयु वर्गों में प्रथम डोज़ 3 लाख 89 हजार 406 एवं दोनों डोज़ लगाने वालों की संख्या कुल 1 लाख 35 हजार 300 है। गर्भवती व शिशुवती माताओं में 1 हजार 239 को पहला डोज़ लगाया गया है।

ss

You May Also Like

More From Author

+ There are no comments

Add yours