कोरिया जिले में तीन नर्सिंग कॉलेजों में दो के पास नही आईएनसी की उपयुक्तता
छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल के 2 साल में 6 नोटिस देने पर जिले के 02 कॉलेजों ने नहीं लिया उपयुक्तता प्रमाणपत्र
बैकुंठपुर।
नर्सिंग कॉलेजों को इंडियन नर्सिंग काउंसिल आईएनसी से उपयुक्तता प्रमाणपत्र सुइटेबिलिटी सर्टिफिकेट के लिए चिकित्सा शिक्षा विभाग से लेकर हैल्थ साइंस विवि व छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल ने दो साल में छह नोटिस जारी किया है। इसके बाद भी कोरिया जिले के 2 निजी कॉलेजों ने यह सर्टिफिकेट नहीं लिया है। इसका नुकसान ये हो रहा है कि यहां से पढ़कर निकलने वाली छात्राओं को दूसरे राज्यों में नर्स की नौकरी नहीं मिल रही है। वे प्रदेश में ही नौकरी करने के लिए मजबूर है। जिससे उनकी योग्यता को छति पहुॅच रही है। गौरतलब हो कि छत्तीसगढ में 124 कॉलेज संचालित हैं। जबकि 44 ने अब तक उपयुक्तता नही लिया है। वही पर कोरिया जिले में नियम विरुद्ध 02 कॉलेज चल रहे हैं। बीएससी नर्सिंग की 140 सीटें हैं, जिनमें महज 60 सीटों को आईएनसी से उपयुक्तता है। यानी इन कॉलेजों ने आईएनसी से उपयुक्तता प्रमाणपत्र लिया है। आईएनसी ने एक आदेश में कहा था कि जिन सरकारी व निजी कॉलेजों को उपयुक्तता नहीं है, वे दिल्ली से उपयुक्तता ले लें। जनवरी 2024 में आईएनसी ने चिकित्सा शिक्षा विभाग से पूछा था कि सरकारी व निजी नर्सिंग कॉलेजों में कितनी सीटों को आईएनसी व स्टेट नर्सिंग काउंसिल (एसएनसी) से उपयुक्तता मिली है। इसके बाद डीएमई ने आईएनसी को जानकारी भेज दी थी। इसके बाद भी निजी कॉलेज उदासीन बने हुए हैं, क्योंकि उन्हें हर साल एडमिशन की अनुमति जो मिल रही है।
निलंबित कर्मचारियों पर एफआईआर
रजिस्ट्रार समेत अन्य के खिलाफ छत्तीसगढ़ नर्सेस रजिस्ट्रेशन काउंसिल में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर पंजीयन, वित्तीय अनियमितता व शासन को आर्थिक क्षति पहुंचाने के आरोप में शासन ने रजिस्ट्रार दुर्गावती उसारे कुंजाम को सस्पेंड कर दिया था। अब उनके खिलाफ रायपुर के गोलबाजार थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। ये एफआईआर 6 लोगों पर धोखाधड़ी से जुड़ी बीएनएस की धारा 318 (4) के तहत कराई है। स्वास्थ्य विभाग की डिप्टी डायरेक्टर निधि ग्वालरे ने थाने में 425 पेज की जांच रिपोर्ट दी है। इस आधार पर निलंबित रजिस्ट्रार के अलावा कांकेर जीएनएम प्रशिक्षण केंद्र की सुरीला जैन, अंबागढ़ चौकी कॉलेज की काजोल साहू, जांजगीर-चांपा की वसंता कुमार, मंजू एमएल के खिलाफ जुर्म दर्ज किया गया है। इसके अलावा नर्सेस रजिस्ट्रेशन काउंसिल रायपुर के मैथ्यू फर्नाडिज व नरेंद्र देवांगन के खिलाफ भी शिकायत की गई है।
कॉलेजों को आईएनसी ने दिया 6 नोटिस
उपयुक्तता प्रमाणपत्र लेने के लिए-पहला नोटिस 4 अप्रैल 2024 को हैल्थ साइंस विवि ने दिया।
दूसरा नोटिस 6 माह बाद कमिश्नर मेडिकल एजुकेशन 4 अक्टूबर 2024 को दिया।
तीसरा नोटिस 2 माह बाद स्टेट नर्सिंग काउंसिल ने 30 दिसंबर 2024 को दिया।
चौथा नोटिस 14 महीने बाद स्टेट नर्सिंग काउंसिल ने 16 फरवरी 2026 को दिया।
पांचवा नोटिस 1 महीने के अंदर (स्मरण पत्र) स्टेट नर्सिंग काउंसिल ने 5 मार्च 2026 को दिया।
छठवां व आखिरी नोटिस 2 अप्रैल 2026 को हैल्थ साइंस विवि ने दिया।
फैक्ट फाईल…….
01 – राजवाड़े इंस्टीट्यूट आफ नर्सिंग, हररापारा, बैकुंठपुर – आईएनसी से उपयुक्तता नही
02 – मार्गदर्शन नर्सिंग संस्थान, तलवापारा, बैकुंठपुर – आईएनसी से उपयुक्तता नही
03 – न्यू लाइफ इंस्टिट्यूट ऑफ़ नर्सिंग, केनापारा, बैकुंठपुर – आईएनसी से उपयुक्तता


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