बदलते मौसम में बढे सर्दी-खांसी सहित अन्य वायरल के मरीज….. सावधानी जरूरी….डॉ. आयुष जायसवाल

Estimated read time 1 min read

बैकुंठपुर।

कभी गर्मी और कभी बारिश के कारण गले में खराश, सर्दी-जुखाम की समस्या इन दिनों कई लोगों को हो रही है। यह समस्या उन्हें ज्यादा हो रही है जो पहले से दमा पीडित हैं। चिकित्सकों के पास अस्थमा और एलर्जी के रोगी इन दिनों खासी संख्या में आ रहे हैं। चिकित्सकों की मानें तो उनके पास आने वाले कुल रोगियों में से करीब 30 प्रतिशत मरीज साइनेसाइटिस वाले हैं। चिकित्सकों का कहना है कि यदि सर्दी-खांसी सात दिन से अधिक रहे या इसके साथ बुखार, पेट दर्द, सिरदर्द हो तो कोताही न बरतें। डाक्टरो की माने तो के अनुसार इन दिनों अस्थमा, एलर्जी के मामले ज्यादा आ रहे हैं। यह मौसमी समस्या है। साइनेसाइटिस के मरीज सामने आ रहे हैं।

जिला असपताल के अधिक्षक डॉ. आयुश जायसवाल ने कहा कि सर्दी-खांसी, डेंगू-मलेरिया इस मौसम में होना आम है। और इनका सीधा संबंध कोरोना से नहीं है पर सावधानी रखना जरूरी है। सावधानी अपनी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बेहतर बनाने के लिए रखना होगी। जब भी कोई रोग होता है तो रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रभावित होती है या अन्य संक्रमण के होने का अंदेशा बढ़ जाता है। जुलाई से अक्टूबर तक के मौसम में शरीर का विशेष ध्यान रखना चाहिए क्योंकि इस दौरान मौसमी रोग बहुत होते हैं सर्दी-खांसी, बुखार हो तो जांच जरूर कराएं।

You May Also Like

More From Author

+ There are no comments

Add yours