भाई बहन के अटूट स्नेह का प्रतीक रक्षा बंधन में अवसरवादी सरोज पांडे इस बार राखी पर अपने भाई को राखी भेजना भूल गई : वंदना राजपूत

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एक राखी भेज कर मनचाहा भेंट मिल ही गयी तो दूसरे बार राखी भेजना भूल गई

कुछ लोग अपने भाई को अपने स्वार्थ सिद्ध करने के लिए राखी भेजते है और जैसे ही भाई ने मनचाहा उपहार दे देते है तो दोबारा राखी भेजना तक भूल जाते है

तहकीकात न्यूज  @  वेब डेस्क . रायपुर     

 भाई बहन के अटूट स्नेह का प्रतीक रक्षा बंधन का त्यौहार होता है। प्रदेश प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि कुछ लोग अपने भाई को अपने स्वार्थ सिद्ध करने के लिए राखी भेजते है और जैसे ही भाई ने उसे मनचाहा उपहार दे देते है तो दोबारा राखी भेजना भूल जाते है।

प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि पिछले वर्ष राखी के त्यौहार में जनता पार्टी की राज्यसभा सांसद सरोज पांडे ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को रक्षाबंधन के पर्व के लिए राखी भेज कर तुरंत गिफ्ट भी मांगा था जबकि भाई बहन के इस त्यौहार में तो भाई अपने खुशी से आर्शीवाद स्वरूप उपहार देता ही है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तो हमेशा माता बहनों के सम्मान का उपहार दिया है। सरोज पांडे इसे राजनीति में अपने नंबर बढाने के लिये भाई बहन के राखी त्यौहार का मजाक बनाने की बड़ी भूल की थी। स्वार्थी बहन सरोज पांडे तो ऐसी बहन निकली जो अपने भाई सबके भाई भूपेश बघेल को राखी के दिन भूल गई इसलिये इस रक्षा बंधन त्यौहार मे राखी नहीं भेजी।

कांग्रेस सरकार लगातार जनहित के कार्य कर रही है। कांग्रेस सरकार ने तीन साल से भी कम अवधि में ऐतिहासिक निर्णय लिये जिसके कारण आज पुरखों के देखे सपनों के अनुरूप समृद्ध और मजबूत छत्तीसगढ़ बनने जा रहा है। सरोज पांडे भी इस बात को समझ गई होगी। इसलिये इस राखी में कुछ नही मांगी। भूपेश भाई ने छत्तीसगढ़ के लिये बहुत कुछ किया है।

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