बर्फीली हवाओं के असर से जिले के तापमान में एक बार फिर बदलाव आ गया है ठिठुरन भरी ठंड बढ़ गई है। पूरा जिला शीतलहर और कोहरे की चपेट में है। दो दिनों से सुबह से सर्द हवाएं चल रही हैं जिससे जिले के न्यूनतम तापमान में गिरावट आ गई है और मौसम के इस बदलाव से इंसानों के साथ ही मवेशियों के स्वास्थ्य पर भी विपरीत प्रभाव पड़ रहा है।
बारिश के बाद अब हर दिन की शुरुआत कोहरे से हो रही है। कोहरे के साथ आसमान से गिरने वाली शीत की बूंदे और चलने वाली सर्द हवाओं से क्षेत्र ठंड की जकड़न में है। मौसम का यह बदलाव अरहर (तुअर) की फसल के लिए नुकसान साबित हो रहा है।
कोहरा और भारी ठंड से फूल अत्यधिक नमी के कारण झुलस गए हैं इसी तरह सब्जियां प्रभावित हो रही हैं जिससे किसानों को बड़ी क्षति पहुंची है।
षनिवार को न्यूनतम तापमान बैकुन्ठपुर का 7 डिग्री पर रहा। सुबह लोग अलाव जलाकर ठंड से राहत पाने का प्रयास करते रहे। शीतलहर चलने से गलन भरी ठिठुरन बनी हुई हैं। ठंड की मार से मवेशी भी बेहाल हैं।
धूप न निकलने से स्थानीय लोग परेशान हैं लेकिन पर्यटकों को यहां का मौसम खूब भा रहा है। बर्फीली हवाओं से लोग जुकाम, खांसी से पीड़ित हो रहे हैं और लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो गई है। मौसम को जिस तरह से मिजाज बना हुआ है आने वाले कुछ और दिन लोगों को राहत मिलने की उम्मीद कम है और दलहन-तिलहन की फसल पर खतरा मंडरा गया है।
मौसम का मिजाज एक बार फिर बिगड़ गया है। बुद्धवार रात के बाद से मौसम के बदले मिजाज का असर दिखना शुरू हो गया। पूरे जिला में तेज गर्जन के साथ बारिश शुरू हो गई। दिन भर लोग कनकनी से परेशान रहे।
as

+ There are no comments
Add yours