नवतपा के चौथे दिन 44 डिग्री पहुॅचा……..अधिकारी बता रहे मामूली लाइन ट्रिपिंग

नवतपे के चौथे दिन शहर से लेकर गांव तक लोग लू और उमस भरी गर्मी से परेशान हैं। इन दिनो तापमान में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। इस दौरान मंगलवार को अधिकतम तापमान 44 तो न्यूनतम 29 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं दूसरी तरफ गर्मी के बीच बिजली संसाधन भी हांफने लगे हैं। कहीं ट्रांसफार्मर हीट हो जा रहे हैं तो कहीं बिजली के तार टूटकर गिर रहे हैं। लोकल फाल्ट की समस्या भी बनी हुई है। लोग बिजली न होने से बिलबिला उठे हैं। न तो दिन में चौन मिल रहा है और न ही रात में नींद पूरी हो पा रही है।
सोमवार को दिन और रात भर लोगो आती जाती बिजली से परेशान लोगो को मंगलवार को लोग लू और उमस भरी गर्मी से परेशान रहे। लोगों को बिजली आपूर्ति से राहत की उम्मीद थी, लेकिन संसाधन भी दगा देने लगे हैं। बैकुंठपुर में इसे ठंडा करने के लिए कर्मियों ने पानी की फुहार की। घरों में कैद लोग बिजली न रहने से बिलबिला उठे। पंखे, कूलर बेकार हो गए। सूचना के बाद बिजली कर्मियों ने खराबी दूर की, तब जाकर बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। बिजली की समस्या के चलते शहर और आसपास 50 हजार की आबादी प्रभावित हो रही है।

लो-वोल्टेज की समस्या से जूझ रहे लोग

उमस भरी गर्मी के बीच जहां बिजली आपूर्ति हो रही है वहां भी लो-वोल्टेज की समस्या बनी है। इसके चलते लोगों को न तो दिन में चैन मिल पा रहा है और न ही रात में नींद पूरी हो पा रही है। लोग कभी छत पर जा रहे हैं तो कभी बाहर निकल कर टहलने को मजबूर हो रहे हैं। साथ ही बिजली बार-बार ट्रिप कर रही है। इससे शहर व ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जिले के विभिन्न क्षेत्रों में बिजली की समस्या बनी हुई है। भीषण गर्मी के चलते ट्रांसफार्मर व तार हीट हो रहे हैं, जिसके कारण समस्या आ रही है। पूरा प्रयास किया जा रहा है कि लोगों को किसी प्रकार की समस्या न हो।

2 से 4 घण्टे तक बिजली रहती है गायब

गर्मी का मौसम शबाब पर आते ही शहर के कई इलाकों में बिजली की आवाजाही शुरू हो गई है। मंगलवार को सीजन का सबसे गर्म दिन था। इस दौरान पारा 44 डिग्री के आसपास रहा। । शहर में कहीं 2 घंटे तो कहीं 4 घंटे बिजली सप्लाई बंद रहने के कारण लोग गर्मी से बेहाल रहे। मई माह की शुरूआत से ही गर्मी के तेवर तीखे हो गए।

You May Also Like

More From Author

+ There are no comments

Add yours