ऑनलाइन ठगी कांड: लुभावने वादे कर प्रार्थिया से धोखाधड़ी करने वाला आरोपी कलकत्ता से गिरफ्तार

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कई फ़ोन पे नम्बरो पर हड़पे गए चार लाख से अधिक की धनराशि

➡️शादी का झांसा देकर सोने की चैन, घड़ी, कपड़े और नगदी के नाम पर की गई थी ठगी

पुलिस अधीक्षक कोरिया द्वारा सभी प्रभारियों को पुराने लंबित मामलों के निराकरण करने हेतु निर्देशित किया गया है। जिसके परिणाम स्वरुप सायबर सेल कोरिया को सायबर धोखाधड़ी के एक और प्रकरण में सफलता हासिल हुई है।

दिनांक 08 अक्टूबर 2023 को प्रार्थिया अपने घर भैसवार, सोनहत में थी। उसी दौरान सुबह प्रार्थिया के मोबाईल में फोन आया, जिस पर उसे एक व्यक्ति ने अपना नाम विजय कुमार बताया और लुभावनी बातें करते हुए शादी का झांसा देकर अपने जाल में फ़साने का प्रयास करने लगा। उस व्यक्ति ने कहा कि मैं हवाई जहाज से भारत आऊंगा और तुम्हारे लिये सोने की चैन, कान का झुमका, घड़ी और कपड़ा लाऊंगा।

दिनांक 12.10.2023 को पुनः प्रार्थिया को एक फोन आया और फिर उसी व्यक्ति द्वारा झांसा दिया गया कि, मैं मुंबई हवाई अड्डा पर पहुंच गया हूँ, मेरे पास पासपोर्ट और वीज़ा नहीं है। तुम्हारे लिए जो गहना और 85 लाख रूपये नगद ला रहा था उसे पुलिस वालों ने हवाई अड्डे पर रख लिया हैं। मुझे ऑनलाइन पासपोर्ट और बीजा बनवाना पड़ेगा, जिसके लिए फोन पे पर मुझे 20 हजार रूपये भेज दो।

पुनः इसके पश्चात प्रार्थिया को फोन आया कि, मैं मुंबई थाना से डीएसपी बोल रहा हूँ उसे चेकिंग में पकड़ा हूँ उसे बचाने के लिए सिर्फ 20 हजार नहीं और पैसे लगेंगे। इन बातो से प्रार्थिया उनके झांसे में आकर उनके द्वारा अनेक फोन पे नंबर एवं एकाउंट पर कुल 4,18,700 रूपये का ट्रांसक्शन कर ठगी का शिकार हुई है। उक्त मामले पर प्रार्थिया द्वारा थाना सोनहत में दिनांक 04.01.2024 को प्रथम सूचना पत्र दर्ज करवाया गया था। जिसकी विवेचना निरंतर की जा रही थी।

उक्त प्रकरण में सायबर सेल द्वारा पतासाजी के दौरान ज्ञात हुआ कि आरोपी पश्चिम बंगाल में है। जिस पर इसकी सूचना से सायबर सेल प्रभारी द्वारा तत्काल पुलिस अधीक्षक कोरिया को अवगत कराया गया । पुलिस अधीक्षक कोरिया के निर्देश पर आरोपी की पतासाजी हेतु सायबर सेल कोरिया की टीम दीगर प्रांत कलकत्ता, पश्चिम बंगाल के लिए रवाना हुई।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कोरिया के मार्गदर्शन में सायबर सेल की टीम द्वारा उक्त आरोपी की पतासाजी कर आरोपी संजित पायत को कलकत्ता से गिरफ्तार कर कोरिया लाया गया है ।

पूछताछ पर आरोपी ने बताया की “वह सुमित नामक व्यक्ति से पिछले 03 वर्षों से बातचीत करता था, जो उसे आनलाईन फ़्रॉड करने हेतु अपना यूको बैंक, अपनी मां चयना पायत का पंजाब नेशनल बैंक, दीदी संजिता सरदार का यूको बैंक व अपने मित्र सुमन मंडल का पंजाब नेशनल बैंक का खाता खोलवाकर, एटीएम वाट्सएप से सुमित को भेजा था तथा कभी-कभी वह स्वयं गंगाघाट, पुजाली, चौबीस परगना में जाकर उसे बैंक खाता दिया करता था।

इस प्रकरण में आरोपी के विरूद्ध जिला कोरिया में पंजीबद्ध धारा 420 भा.द.वि. एवं 66(डी) आईटी एक्ट का अपराध प्रमाणित पाये जाने पर आरोपी के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही कर उसे न्यायिक रिमांड में जेल भेजा गया है।

उक्त प्रकरण में सायबर सेल प्रभारी नि. विनोद पासवान, अजित राजवाडे, अमित भारद्वाज, प्रदीप साहू, अमरेशानंद, सजल जायसवाल, राघवेन्द्र पुरी, शिवम सिन्हा एवं सै. विकास सिंह का सराहनीय योगदान रहा।

आरोपी के नाम –
संजीत पायत पिता बीरेन पायत उम्र 27 वर्ष निवासी बेतियारी, थाना मानिकपुर, हावड़ा, कलकत्ता, पश्चिम बंगाल

धारा – 420 भा.द.वि. एवं 66(डी) आईटी एक्ट

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