एडस व हैपेटाइटिस का शिकार होने के साथ-साथ नही मिलेंगी सरकारी नौकरी

मीना बाजार संचालक छाती चौडा कर करता है दावा सब पैंसे की महिमा

बैकुंठपुर के कलेक्टोरेट के बगल में मनेन्द्रगढ कलेक्टर के द्धारा भगाये मीना बाजार संचालक ने अपनी दुकान बैकुंठपुर में सजा रखी है बार बार लापरवाही की खबरे प्रकाशित होने के बावजूद पैंसे से प्रशसन को खरिदने का दवा करने वाले मीना बाजार संचालक के एक बार फिर कोरिया जिले के युवाओ के जीवन से खिलवाड किया जा रहा है। मीना बाजार में हाथ पर नाम लिखवाने या अन्य चित्र बनया जा रहा है जो कभी भी जानलेवा साबित हो सकती है देश भर में मीना बाजारो में टैटू बनवाने के कारण कई जगहो पर लोग सामुहिक रुप से एचआईवी संक्रमण के चपेट में आ चुके हैं। इसके बावजूद इस तरह के जानलेवा शौख पूरा करने के नाम पर जिले के युवाओ को मरने के लिए छोड दिया तो नही जा सकता है। विडंबना यह है कि कलेक्टोरेट के बगल में होने के बावजूद किसी भी जिम्मेदार को मीना बाजार में चल रहे जानलेवा खिलवाड नजर नही आ रहा है या फिर मीना बाजार के संचालक का दावा सत्य हो कि सब पैंसे की महिमा है।

जानलेवा साबिह हो सकता है टैटू बनवाना

जबकि बिना किसी जांच पड़ताल के टैटू बनवाना असुरक्षित साबित हो सकता है और शरीर में संक्रमण फैल सकता है। मीना बाजार में एक छोटी सी मशीन से हाथ पर नाम गोदने और टैटू बना कर युवाओं शौक पूरा किया जा रहा है। हाथ पर नाम गोदने वाला युवक एक ही सुई का उपयोग करके सभी के हाथ पर नाम लिखता है। जिससे संक्रमण व बीमारियों फैलती है। ये छोटी सी मशीन और एक स्याही और एक सुई से मेले में आए लोगों के हाथ में खूब नाम लिखते हैं। ऐसे में ग्राहक भी इनसे सुई के बारे में पूछताछ नहीं करते हैं। बाद में ये संक्रमण बीमारी की चपेट में आ जाते हैं।

कई एचआईवी पॉजिटिव मिले

20 से 25 साल की उम्र के कई दर्जन युवा अलग अलग प्रदेशो में घातक एचआईवी पॉजिटिव पाए गए हैं। सभी ने टैटू बनवाए थे। टैटू बनवाने के बाद ही नियमित बुखार आने तथा कमजोरी की शिकायत पर इलाज के बाद भी सुधार नहीं हुआ। ऐसे में इनकी एचआईवी जांच करवाई गई तो रिपोर्ट पॉजिटिव आने से पैरों के नीचे से जमीन खिसक गई। चौंकाने वाली बात यह है कि इन लोगों ने न तो कभी किसी से असुरक्षित यौन संबंध बनाया और न ही कभी इंफेक्टेड निडिल से इंजेक्शन लगवाया था। काउंसलिंग में पता चला था कि पीड़ित युवाओं ने मेले में या फिर राह चलते टैटू गुदवाया था। ऐसे में एचआईवी पॉजिटिव युवाओं में संक्रमण का कारण टैटू है, जो एक ही निडिल से कई लोगों का टैटू बनाने से फैलता है।

नौकरी में अयोग्य सहित मिलेगी कई परेशानी

1- टैटू गुदवाने वाला व्यक्ति कभी रक्तदान नहीं कर सकता
2- त्वचा संक्रमण के साथ रक्त संबंधी बीमारियों की आशंका
3- एड्स व हैपेटाइटिस का खतरा
4- टैटू वाली जगह पर त्वचा की कोशिकाएं हमेशा के लिए मृत हो जाती
5- टैटू होने पर सेना व कई नौकरियों में अयोग्य

क्या कहते हैं डॉक्टर

मीना बाजार में हाथ गोदने की दुकान खोलकर लोगों के नाम लिखते हैं। इससे शरीर में संक्रमण फैलने का डर रहता है। ये एक ही सुई व मशीन से सभी के नाम लिखते रहते है। ये गलत है। लोगों को इससे बचना चाहिए। साथ ही बाजार में कान छेदवाने से भी लोगो को बचना चाहिए।

डॉ. आर एस सेंगर – सीएचएमओ बैकुंठपुर

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